अच्युतं केशवं
Drama
रसना षट् रस छांड़ि दे,
मधु रस में रति राखि।
मधुर नाम श्री कृष्ण का,
रसना फिर फिर चाखि।
मन आस तारा
सहज तुमने अपन...
कल लुटेरे थे ...
धूम्रपान कर ब...
छिपा हृदय निज...
उर सहयोगी भाव
भट्टी सी धरती...
अलग हो रूप रं...
आला वाले डॉक्...
भारोत्तोलन खे...
काम करवाया पर पूछा नहीं क्या वो स्वस्थ है ? काम करवाया पर पूछा नहीं क्या वो स्वस्थ है ?
बस प्रेम ही से नहीं होता प्रेम अक्सर खेल ही होता रहता है बस प्रेम ही से नहीं होता प्रेम अक्सर खेल ही होता रहता है
सच्ची मुस्कुराहट ने,उन लबों को ही छुआ जिसने कभी न किसी को बुरा,भला कहा। सच्ची मुस्कुराहट ने,उन लबों को ही छुआ जिसने कभी न किसी को बुरा,भला कहा।
ये टूटे तो जीवन हो जाए पलभर में शमशान इस कलम को इतना कमज़ोर ना मानिये। ये टूटे तो जीवन हो जाए पलभर में शमशान इस कलम को इतना कमज़ोर ना मानिये।
आज एक बार फिर उजाले को डूबकर अँधेरे में समाना है। आज एक बार फिर उजाले को डूबकर अँधेरे में समाना है।
कमज़ोर नहीं है, भावना जान लो। दिल हीरा है यह, अनमोल इसे मान लो। कमज़ोर नहीं है, भावना जान लो। दिल हीरा है यह, अनमोल इसे मान लो।
तुमको देखे बिना मेरी रातें, खयालों में ही बीत जाती है। तुमको देखे बिना मेरी रातें, खयालों में ही बीत जाती है।
मेरे नैनों के आईने में तू ही बसी है, तेरे नैनों की तो खुदा जाने। मेरे नैनों के आईने में तू ही बसी है, तेरे नैनों की तो खुदा जाने।
देश-विदेश में छाप छोड़ती, हिंद की भाषा ये हिंद की वाणी।। देश-विदेश में छाप छोड़ती, हिंद की भाषा ये हिंद की वाणी।।
ना होती फिक्र जरा भी अगर ना होती लड़की तुम।। ना होती फिक्र जरा भी अगर ना होती लड़की तुम।।
अपनी ओर खींचती हुयी ख़ुशबू है...जो फ़िज़ा को महका देती है... अपनी ओर खींचती हुयी ख़ुशबू है...जो फ़िज़ा को महका देती है...
वो रंग बिरंगी तितलियों की महफिलें कहाँ वो प्यासी चिड़ियों का कारवां ? वो रंग बिरंगी तितलियों की महफिलें कहाँ वो प्यासी चिड़ियों का कारवां ?
मां-बापू, दुआओं से शूलों बीच खिलते गये। मां-बापू, दुआओं से शूलों बीच खिलते गये।
उसी कीचड़ में उगा दो कमल फूलों के बाग। उसी कीचड़ में उगा दो कमल फूलों के बाग।
जी भर के हंसे और आँखों से नमक बहने लगे । जी भर के हंसे और आँखों से नमक बहने लगे ।
जीवन के सफर में आगे बढ़ता, संघर्ष ही है जीवन संजीवनी।” जीवन के सफर में आगे बढ़ता, संघर्ष ही है जीवन संजीवनी।”
उसे पार करने के लिए एक नाव ही काफी होती है। उसे पार करने के लिए एक नाव ही काफी होती है।
भूलों को भूला कर, मैं अपना भविष्य बनाना चाहूंगा। भूलों को भूला कर, मैं अपना भविष्य बनाना चाहूंगा।
वो भी ना रहा मैं भी समंदर के संग बह गया। वो भी ना रहा मैं भी समंदर के संग बह गया।
चल के मेरी धड़कने तुझको ढूंढे, तू यहाँ है के वहाँ। चल के मेरी धड़कने तुझको ढूंढे, तू यहाँ है के वहाँ।