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Dr Mahima Singh

Romance

4  

Dr Mahima Singh

Romance

प्यार

प्यार

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इस तरह हम सुकून को महफूज़ कर लेते हैं,

जब भी तन्हा होते हैं तुम्हें महसूस कर लेते हैं।


खुद में तुझको समेट लेती हूं, तू ना सही,

तेरी मौजूदगी महसूस कर लेती हूं चहक उठती हूं


तेरा नाम लेकर महक उठते हैं हर जज़्बात मेरे

जो तुझी से शुरू तुझी पर खत्म।                   


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