STORYMIRROR

Anita Mandilwar Sapna(world record holder)

Romance Classics Fantasy

4  

Anita Mandilwar Sapna(world record holder)

Romance Classics Fantasy

प्यार तकरार मनुहार

प्यार तकरार मनुहार

1 min
281

तीज पर 

पिया का साथ

संग संग 

हाथों में हाथ


बरस दर बरस 

कैसे बीता 

याद नहीं 


कभी प्यार 

कभी तकरार

कभी मनुहार

यही प्रीत का सार


एक दूजे से 

जुड़ गए ऐसे

जैसे सूरज और भोर

इन्द्रधनुषी छटाएं 

और मोर 

बस यूँ ही सजना

संग संग रहना


और नहीं कुछ चाह 

बाबुल का अंगना

बरसों पहले छूटा

मैया भी विदा हो गई 


संसार से

अब तो तुम्हीं हो बस 

साजन 

साथ रहना हर पल 

सपना है अब बस यही 

माथे की बिंदी चमकती रहे।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Romance