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Meenaz Vasaya. "મૌસમી"

Fantasy

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Meenaz Vasaya. "મૌસમી"

Fantasy

"प्यार की दौलत दे गया।"

"प्यार की दौलत दे गया।"

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एक प्यारा सा दोस्त मुझे खुद से मिला गया,

मेरी वीरान सी जिंदगी में वो गुल खिला गया।

दे दी उसने मुझे सारे जमाने की प्यार की दौलत,

मेरे मन का तार तार वो हिला गया।

मेरी रूह को कितना सारा सुकून वो दे गया,

प्यार रूपी अमृत का प्याला वो पीला गया।

में तो खुद से ही जुदा होकर बिखर गयी थी,

फिर से खड़ा होने का हुनर वो सिखला गया।

एक प्यारा सा दोस्त रूह को सुकून दिला गया,

बिखर गई थी में, वो खुद से मुझे मिला गया।



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