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Dhanjibhai gadhiya "murali"

Romance Tragedy

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Dhanjibhai gadhiya "murali"

Romance Tragedy

प्यार का तोहफ़ा

प्यार का तोहफ़ा

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प्यारकी राहसे आया हूँ मैं,

तेरे नगरमें पहोंचा हूँ,

कहा छूपी हो जानेमन तु,

तेरे बिना मैंअधूरा हूँ।


तुझे मिलनेके लिये मैं

रात दिन तड़पता हूँ,

प्यारकी प्यास लगी है मुज़को,

प्यास मिटाने आया हूँ।


आकर खड़ा हूँ तेरे द्वार पे,

तेरी सूरत देखना चाहता हूँ,

पागल हूँ मैं तेरे प्यारमें, 

तुज़े मिलनेको बैचेन हूँ।


इस सुहानी मोसम में मैं,

तेरा सहारा चाहता हूँ,

खोल दे दिल का दरवाज़ा तू,

इन्तज़ार करके खड़ा हूँ।


न तड़पा आज़ा जानेमन तू,

तुझे ढूँढ़कर थक गया हूँ,

बनज़ा मेरी महबूबा "मुरली"

प्यार का तोहफ़ा लाया हूँ।


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