प्रेमभवन में रौनक़
प्रेमभवन में रौनक़
कुछ प्यारे रिश्तों को एहसास दिलाना पड़ता है,
हमारे लिए वो हैं कितने खास बताना पड़ता है!
प्रेम भवन में बनी रहे शानदार रौनक हर पल,
इसके लिए मन के द्वारे दीप जलाना पड़ता है!
संबंधों में प्रेम और समरसता सदा बरकरार रहे,
क्या कहें कि सबकी हाँ में हाँ मिलाना पड़ता है!
कोई किस्सा ऐसे नहीं पढ़ा जाता दिलचस्पी से,
उसकी घटनाओं को रोचक बनाना पड़ता है !

