SHWETA GUPTA
Romance
प्रेम की माटी जब
प्रेम से सींची जाए,
तब
प्रेम अंकुरित हो
प्रेम वृक्ष बन जाए,
और
प्रेम पुष्प की महक से
प्रेम वसुंधरा महकाए।
वह कौन?
दो सौ वर्ष
गुल्लक
प्रकृति माँ क...
मैं मोदी हूँ
अभिमन्यु के उ...
गर्मी की छुट्...
मैं सैनिक नही...
क्या यह विकास...
वंदे मातरम्
मंद-मंद मुस्कान मंद-मंद मुस्कान
आंंखों से देखते रहे आसमान को, और कहे कि बरसते रहो तप्त है हम। आंंखों से देखते रहे आसमान को, और कहे कि बरसते रहो तप्त है हम।
मील के पत्थर सा मिलूँगा तू चाहे जिस रास्ते से जा मील के पत्थर सा मिलूँगा तू चाहे जिस रास्ते से जा
बड़ा ही नाज़ुक रिश्ता है आप इसे क्यों बढ़ाना चाहते हो बड़ा ही नाज़ुक रिश्ता है आप इसे क्यों बढ़ाना चाहते हो
कोशिश कर ले भले तू लाख छुपाने की पर तेरे होठों की वो मुस्कान हैं जताती! कोशिश कर ले भले तू लाख छुपाने की पर तेरे होठों की वो मुस्कान हैं जताती!
तुम्हे पाने की चाहत में सदियों से संघर्षरत हो दुर्गम पहाड़ी इलाकों के बीच से बहे आ रही तुम्हे पाने की चाहत में सदियों से संघर्षरत हो दुर्गम पहाड़ी इलाकों के बीच से बहे...
तुम्हारी मुस्कान बसंत की बहार तुम्हारी मुस्कान बसंत की बहार
बीत रही थी जो जिंदगी अकेले मे रीना किसी के जाने का गम था, ना आने की खुशी । बीत रही थी जो जिंदगी अकेले मे रीना किसी के जाने का गम था, ना आने की खुशी ।
तुम मेरी यादों को संजो के एकांत को हर लेना तुम मेरी यादों को संजो के एकांत को हर लेना
कब मेरी शरियत के बिन इकतिला कव्वाम(संरक्षक) बन गए, तुम। कब मेरी शरियत के बिन इकतिला कव्वाम(संरक्षक) बन गए, तुम।
कभी मिलो चाय पर किसी सुबह, तुम्हें इतना निहारुँ कि शाम कर दूँ! कभी मिलो चाय पर किसी सुबह, तुम्हें इतना निहारुँ कि शाम कर दूँ!
यादों मे ही सही अपनी हमको रहने दो न! ख्यालों मे तेरे दुनिया अपनी बसाने दो न!! यादों मे ही सही अपनी हमको रहने दो न! ख्यालों मे तेरे दुनिया अपनी बसाने दो न!!
जी भर पिया , हलाहल , रोक ले मुझे , नहीं ऐसी ताकत ज़माने की। जी भर पिया , हलाहल , रोक ले मुझे , नहीं ऐसी ताकत ज़माने की।
काजल अंसुवन धुला बह गया, काजल अंसुवन धुला बह गया,
तुमने चुन ली डगर रोशनी थी जिधर, मन में मेरे ही बस रह गयी ये कसक, तेरे मेरे बीच में।। तुमने चुन ली डगर रोशनी थी जिधर, मन में मेरे ही बस रह गयी ये कसक, तेरे मेरे...
बस एक तू ही लाजमी है मेरे लिए इस जहां में! बस एक तू ही लाजमी है मेरे लिए इस जहां में!
तुझमें समाने की कोशिश करती हूं तुझे फ़िर पाने की कोशिश करती हूं! तुझमें समाने की कोशिश करती हूं तुझे फ़िर पाने की कोशिश करती हूं!
है इंतज़ार इस दिल को तेरा बस बाँहों में तुम आ जाओ । मेरी नादानी की ख़ातिर ना छोड़ कर जाओ। है इंतज़ार इस दिल को तेरा बस बाँहों में तुम आ जाओ । मेरी नादानी की ख़ातिर ...
कि फिर कभी उलझने न पाए ओ मेरे हमसफर कि फिर कभी उलझने न पाए ओ मेरे हमसफर
नहीं है ये जिस्मों वाला प्यार नहीं है ये जिस्मों वाला प्यार