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Alpa Mehta

Romance

3  

Alpa Mehta

Romance

ओ साँवरे

ओ साँवरे

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रंग लागा तोहसे ओ सांवरे,

तुझ संग प्रीत हुई बावरे,

मेरी बिंदिया के ये लशकारे

मेरे गेशू ओ के ये बादल घनेरे,


तेरी नींद न अब उड़ ले चले

ये चमकते सितारे

मे चलु तो यौवन नितरे,

रस बरसाती महक महके,


तेरे मन की डगर पर

मेरे कदम पड़े,

तू आके चौखट मेरी,

मेरे हृदय के पार निकले,

रंग लागा तोहसे ओ सांवरे,


तुझ संग प्रीत हुई बावरे,

रेत बनके अरमान मेरे सरक रहे,

तू संजोले दामन मे अपने,

तेरी गली आकर बिखर रहे,


रंग लागा तोहसे ओ सांवरे,

तुझ संग प्रीत हुई बावरे।


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