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Payal Meena

Children

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Payal Meena

Children

नन्ही परी

नन्ही परी

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आँखों को मींचे सुबह की

हल्की रोशनी में

सो रही है एक नन्हीं परी

न जाने कोनसी दुनिया में


अपने सपनों में गुम

दुनिया है है उसकी अनोखी

कल्पनाओं जे भरी

साथी है उसके अतरंगे

भात-भात के खिलौने


जिनको समझती है वो हकीकत

रहती है अपनी ही दुनिया मे गम

सो रही है एक नन्हीं परी।।


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