मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं
मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं
तुम होते तो यह होता
तुम होते तो क्या क्या होता!
बैठे बैठे बस सांसे भर छोड़ रही हूं
मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं
तुम उस बात पर हस्ते
तुम उस बात पर टोकते
ख्वाईशे छोड़ गई साथ
वर्ना तुम मेरी हँसी को अपनी नजरों से चीरते
मैं अपने आप को छेड़ रही हूं
मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं
मेरे गाने के साथ तुम भी गाते
और फिर फूल के खिलने पर भंवरे आते
हम हमारे हाथ पर हाथ रखकर जूठे वादे करते
मैं खुदको अनुभव कर रही हूं
मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं
हम अंधेरे में दिया जलाते
फिर तुम दिया बुझने के बाद कंही चले जाते
मैं भी अपनी तन्हाई से बाते कर रही हूं
मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं
मैं तुम्हारा ख्वाब देखती
तुम मेरा ख्वाब देखते
फिर ऐसे ही ऐसे में हम दिन करते
मैं तो अपने आप को छु रही हूं
मैं तमन्नाएं पैदा कर रही हूं।

