STORYMIRROR

priyanka tomar

Drama

4  

priyanka tomar

Drama

कितना सुकून कितना आराम

कितना सुकून कितना आराम

1 min
91

कितना सुकून कितना आराम होगा

हाथो में हाथ तुम्हारा जीवन भर का साथ होगा

कुछ यूँ साथ निभाना होगा 

हम रुठे तो तुम मनाना

तुम रूठे तो हमे मनाना होगा


कितना सुकून कितना आराम होगा

इन होंठों पर सिर्फ तुम्हारा नाम होगा

मैं ही नहीं ये दिल भी तुम्हारे नाम होगा 

शायद मेरी जिंदगी मे सबसे हसीन ये शाम होगी 


हाथों में चुड़ी मांग मेरी सिदुंर से लाल होगी 

कितना सुकून कितना आराम होगा

थोड़ी पागल हूँ मैं थोड़ी दिवानी भी हूँ

मैं तो बस तुम्हारी हूँ इतना जानती हूँ


कह रहा है ये दिल तेरा साथ चाहिए हर जन्म 

और क्या चाहिए जिंदगी से सनम

कितना सुकून कितना आराम होगा।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Drama