Divyanjli Verma
Romance
अब कभी जो
इश्क़ होने सा
एहसास होता है तो
पूजा पाठ कर लेेती हूँ।
मोहब्बत होगी तो
मिल जायेगी,
बला होगी तो टल जायेगी।
अजनबी कोई अपन...
एक रहस्यमई जं...
विज्ञान का सच
भोजन खाओ शाका...
मेरी जान हो त...
खेल वो बचपन क...
भारतीय सभ्यता...
आत्महत्या से ...
रोबोट भला क्य...
आजादी की जंग
चलो पहनू मैं खूबसूरत सा जोड़ा,तुम पहनो शेरवानी। चलो पहनू मैं खूबसूरत सा जोड़ा,तुम पहनो शेरवानी।
नित अश्रुधार न पाती,कैसे बनता अंतस फिर निर्मल, क्या मिल पाता मुझे,मिलन का यह सुख संजीवन नित अश्रुधार न पाती,कैसे बनता अंतस फिर निर्मल, क्या मिल पाता मुझे,मिलन का यह ...
एक मासूम सा चेहरा मेरे दिल को भाने लगा है नशीली आंखों का इशारा रातों को जगाने लगा है एक मासूम सा चेहरा मेरे दिल को भाने लगा है नशीली आंखों का इशारा रातों को जगा...
एक साँवला और एक गोरी, जैसे चाँद और चकोरी। एक साँवला और एक गोरी, जैसे चाँद और चकोरी।
तुम्हारा मेरे पास आकर “एक कप चाय पिलाओगी ?” कहने की संभावना… तुम्हारा मेरे पास आकर “एक कप चाय पिलाओगी ?” कहने की संभावना…
तुम्हारा देखना और बस देखते जाना... याद आ जाता अक्सर.. और फैलने लगता संक्रमण तुम्हारा देखना और बस देखते जाना... याद आ जाता अक्सर.. और फैलने लगता संक्रमण
सुनों, क्या मै सुनाऊँ तुम्हें एक किस्सा, जिसके जरूरी किरदार हो तुम। सुनों, क्या मै सुनाऊँ तुम्हें एक किस्सा, जिसके जरूरी किरदार हो तुम।
मौसम जो करवट बदलने को बेताब है तेरी तारीफ़ के पन्नों से यूं भरी किताब है। मौसम जो करवट बदलने को बेताब है तेरी तारीफ़ के पन्नों से यूं भरी किताब है।
तुम्हारे होंटों का रंग, ना ही अल्ट्रा वॉयलेट , ना ही इंफ्रा रेड है। तुम्हारे होंटों का रंग, ना ही अल्ट्रा वॉयलेट , ना ही इंफ्रा रेड है।
द से दुख है तो द से दुआ है, द से दर्द है तो द से दवाई है. द से दुख है तो द से दुआ है, द से दर्द है तो द से दवाई है.
सितारों के झिलमिल प्रकाश तले मुलाकात होती रहेगी. सितारों के झिलमिल प्रकाश तले मुलाकात होती रहेगी.
तुम्हारे होंटों का रंग, ना ही अल्ट्रा वॉयलेट , ना ही इंफ्रा रेड है ! तुम्हारे होंटों का रंग, ना ही अल्ट्रा वॉयलेट , ना ही इंफ्रा रेड है !
सोना -चांदी, हीरे -मोती ये सारे तो फीके हैं आपसे जो मुझे मिला है वो बहुत अनमोल है सोना -चांदी, हीरे -मोती ये सारे तो फीके हैं आपसे जो मुझे मिला है वो बह...
रोपा था हमने यहीँ बस यूँ ही प्रीत का वह हरसिंगार यहीं… प्रेम के ताजा जल समान। रोपा था हमने यहीँ बस यूँ ही प्रीत का वह हरसिंगार यहीं… प्रेम के ताजा जल सम...
मैं तो आज भी वही हूँ जो कल था। मैं तो आज भी वही हूँ जो कल था।
मैं समझ नहीं पाती हूं क्या दिखता है तुम्हें मुझ में। मैं समझ नहीं पाती हूं क्या दिखता है तुम्हें मुझ में।
मेरे हमसफ़र, मेरे हमसफर साथ चलना मेरे, परछाई मेरी बनकर। मेरे हमसफ़र, मेरे हमसफर साथ चलना मेरे, परछाई मेरी बनकर।
तुम कहो तो बोले हम, किस्सा एक सुनाना था. तुम कहो तो बोले हम, किस्सा एक सुनाना था.
पुराने नीम के साये में बचपनें के दिन जो साथ खेलकर गुज़रे थे। पुराने नीम के साये में बचपनें के दिन जो साथ खेलकर गुज़रे थे।
जब माना मैंने तुमको ही, तो क्यों अब जाए ये हाथ खाली! जब माना मैंने तुमको ही, तो क्यों अब जाए ये हाथ खाली!