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sunita mishra

Drama

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sunita mishra

Drama

हृदय का टुकड़ा

हृदय का टुकड़ा

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काटकर ह्रदय का टुकड़ा दे रहा हूंँ मैं,

बदले में मात्र आश्वासन ले रहा हूँ मैं।

रिश्तेदारों का स्वागत कर रहा हूँ मैं

आपकी धरोहरआपको सौंप रहा हूँ मैं।


जो भी संभव हो सका सब दिया दहेज में ,

उससे अधिक ही दिया जो था मेरी रेंज में।

शिक्षा पर्याप्त बेटीको, गरीब भले रहा हूँ मैं

काटकर हृदय का टुकड़ा दे रहा हूँ मैं।


छोटी नौकरी है परिवार जिम्मेदारी बड़ी है,

दूसरी बेटी भी अब विवाह योग्य खड़ी है।

नाव गृहस्थी की ज्‍यों -त्‍यों से खे रहा हूँ मैं

काटकर हृदय का टुकड़ा दे रहा हूँ मैं।


सीधा- सादा रहन -सहन खान -पान है,

बेटी मेरी निश्चय ही गुणों की खान है।

यह बात कह बडे़ विश्वास से रहा हूँ मैं

काटकर हृदय का टुकड़ा दे रहा हूँ मैं।


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