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हौसला

हौसला

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हार जाए हार भी गर हौसला रख

भाग्य और कर्मों में अपने फ़ासला रख


चूम लेगी कदमों को तेरी सफलता

जीवन में कर्मों का अपने सिलसिला रख


सोच ना होगा यहाँ क्या भाग्य में

किस्मतों पे भी भरोसा यूँ न कर

भाग्य का अपने विधाता खुद है तू

साहिलों पे मंज़िलों का कारवाँ रख


वास्ते कुछ भी तेरे मुमकिन नहीं

नभ् में तेरे बस चाहतों का पंख हो

कहना शिवम् तुमसे है बस इतना मेरा

तुफानों में भी कश्तियों से सामना रख --!!



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