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आईना वैश्य

Romance Fantasy


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आईना वैश्य

Romance Fantasy


देखो पागलपन हमारा

देखो पागलपन हमारा

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तर्ज़- क्योंकि इतना प्यार तुमको करते हैं हम


देखो पागलपन हमारा, गिर संभलते हैं हम

देख तुमको जानम हर पल बहकते हैं हम

हाल कैसे कहो तो मेरा, अब संभालोगे तुम 

बताओ हमें..


मेरी आँखों में तुम हो

हाँ बातों में तुम हो

तुम्हीं सांस में हो बसे-2

मैंने है माना, हाँ तुममें समाना

संग जीवन बिताना तेरे - 2

सीने से लगाकर तुम

एहसान कभी कर दो

तन्हा एहसास की

तुम शान कभी कर दो

देखो पागलपन हमारा, गिर संभलते हैं हम

देख तुमको जानम हर पल बहकते हैं हम...


कभी न भुलाना

मुझे न रुलाना

है उम्मीदें मुझको बड़ी-2

सात जन्मी सफ़र ये

क्या तुमको खबर ये

मैं तुझमें ही तो बसी-2

प्यार के जादू का 

मुझपर तू असर कर दो 

अपना लो मुझे तुम भी

जीवन ये सफ़ल कर दो

देखो पागलपन हमारा, गिर संभलते हैं हम

देख तुमको जानम हर पल बहकते हैं हम..



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