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Raja Sekhar CH V

Drama

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Raja Sekhar CH V

Drama

चतुरंग संघर्ष

चतुरंग संघर्ष

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यह जीवंत जीवन स्वयं है चतुरंग संघर्ष,

इस अनवरत प्रक्रिया का चलन रहेगा हर वर्ष।


जीवन है शतरंज खेल का चित्रित पटरा,

हर कोई जीव है शतरंज खेल का अनोखा मोहरा।


यहाँ हैं कई भावपूर्ण विशेष बंधन,

जीवन को सार्थक बनाते हैं यही इहलोक ईंधन।


परिचित करएंगी कई पात्रों से यह धरित्री,

जाने अनजानों से मिलते रहेंगे शत्रुता मैत्री।


प्रतिदिन बीतेगा जैसे नित्य नूतन चतुरंग,

अनन्य अनुबंध अनुभूति अभिज्ञता अर्जन

कराएगा या उत्कंठित रोमांचित रणरंग।


सदा लेना होगा ज्ञानी विज्ञानी विद्वानों के परामर्श,

उत्तम अनुकूल परिणाम सुनिश्चित मिलेंगे

यदि उनके साथ हो विचार विमर्श।


सदा प्रस्तुत सचेत सतर्क रहने को कहता है समर प्रांगण,

कोई नहीं जानता कब कहाँ किससे

मिलेगा अनजाना आक्रमण।


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