STORYMIRROR

Dr.Pratik Prabhakar

Romance

3  

Dr.Pratik Prabhakar

Romance

चाँद ढूंढ़ रहा

चाँद ढूंढ़ रहा

1 min
250

एक चांद ढूंढ रहा मैं

नहीं आसमान में नहीं

जमीन पर

मिले किसी को

उसे बता देना

मेरी दबी ख्वाहिशें

जता देना

कहना कोई आंखों की

चमक चाहता है उससे

वक्त पूछे तो

भोर बता देना

नाम पूछे चकोर

बता देना।।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance