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Neelam Chawla

Romance

4  

Neelam Chawla

Romance

चाहत

चाहत

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मैं प्रेम पड़ी वो 

पागल औरत हूॅँ

जिसे धरती भी चाहिए 

और आसमां का टुकड़ा भी 


पर तुम्हरा प्यार

चाहिए मुझे ,

मेरी साड़ी के 

पल्लू में पड़ी

मन्नत की एक गांठ जितना


एकदम छोटी गांठ जो

हजार मन्नतों 

का हाथ थामकर,

मुरादों की एक

सुरीली कविता

बना देती है।


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