STORYMIRROR

D.N. Jha

Tragedy Inspirational Others

4  

D.N. Jha

Tragedy Inspirational Others

भ्रूण हत्या बड़ा पाप है

भ्रूण हत्या बड़ा पाप है

1 min
985

भावी जननी है बेटी,

इसे मत रोको जनने से।

भ्रूण हत्या बड़ा पाप है,

इसको रोको आज से। 


कोख में उनको मत मारो,

जीने दो अपने अधिकार से‌।

हक है मिलना उतना यहां,

जितना मिलता बेटों से।

                                  ‌‌

वंचित ना करना बेटी को,                ‌‌   

उनके ही अधिकार से।

बेटी करती पूरी आशा ,                    

जितनी आशा बेटों से।


वंचित ना करना बेटी को,                

उनके प्यार व दुलार से।

बराबर है अधिकारी बेटी,

बराबर की हिस्सेदारी से।


दो कूलों की लाज हो बेटी,

हर दिल की आवाज हो बेटी।

हम सबकी तो शान हो बेटी।                 

हम सबकी अरमान हो बेटी।



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Tragedy