Ila Upadhyaya
Fantasy Inspirational
समेटले मुझे इन बादलों की तरह अपनी बाहों में,
कि मेरे वजूद को भी एक आसमान मिले।
कब से इंतज़ार में है तेरे, ये बेक़रार दिल,
आ भी जा रूबरू कि इसको कुछ तो क़रार मिले।
ज़र्रा ज़र्रा
बेशुमार
अक्स
कश्मकश
आँखें
नाम
सुकून
आसमान
शाहीन
तुम प्रेम का गीत, हृदय का नांद हो मैंने संगीत को मौसम में घुलते देखा है तुम प्रेम का गीत, हृदय का नांद हो मैंने संगीत को मौसम में घुलते देखा है
आत्मा घाटी की मरती नहीं हम उसे स्त्री रहस्य कहते आत्मा घाटी की मरती नहीं हम उसे स्त्री रहस्य कहते
दिल तो ले ही लिया तुमने घायल कर अपनी इन अदाओं से जान भी ये अब तुम्हारी है चाहे पूछ लो दिल तो ले ही लिया तुमने घायल कर अपनी इन अदाओं से जान भी ये अब तुम्हारी है चाह...
कल-कल कलरव तेरा सुन के, चपल चंचल चिड़ियाँ चहकीं। कल-कल कलरव तेरा सुन के, चपल चंचल चिड़ियाँ चहकीं।
आँखें, जब किसी की पानी से भरी हुई परातें बन जाएं... आँखें, जब किसी की पानी से भरी हुई परातें बन जाएं...
लेकिन हर किसी की वहां तक पहुंच नहीं लेकिन हर किसी की वहां तक पहुंच नहीं
सबके अंदर अपनापन झलकता है, एक बार अपना बना कर देखो ना। सबके अंदर अपनापन झलकता है, एक बार अपना बना कर देखो ना।
अनंत अंतर- आकाश में, काली घटा घिर आई, अनंत अंतर- आकाश में, काली घटा घिर आई,
सुरभित साँसों से सौरभ ले, हैं कानन की कलियाँ महकीं। सुरभित साँसों से सौरभ ले, हैं कानन की कलियाँ महकीं।
मैं इंतजार कर रहा हूं उस दिन का जब अदालतों से तारीख नहीं न्याय मिलेगा मैं इंतजार कर रहा हूं उस दिन का जब अदालतों से तारीख नहीं न्याय मिलेगा
सब सहानुभूति जता रहे हैं अंतिम क्रियाओं के बारे में बतिया रहे है, सब सहानुभूति जता रहे हैं अंतिम क्रियाओं के बारे में बतिया रहे है,
शबनम की बूँद प्यार के खुमार में भौंरों के गुंजन गान में गुलशन गुलज़ार में शबनम की बूँद प्यार के खुमार में भौंरों के गुंजन गान में गुलशन गुलज़ार में
तुमसे मिलकर अक्सर नज़रें झुकाते है, हवा से भी नज़रें नहीं मिला पाये, तुमसे मिलकर अक्सर नज़रें झुकाते है, हवा से भी नज़रें नहीं मिला पाये,
और हमारे प्यार से रिश्ता अब सपनों की दुनिया मे निभाया करो और हमारे प्यार से रिश्ता अब सपनों की दुनिया मे निभाया करो
महानगर में हाउसवाइफ महानगर में हाउसवाइफ
यह बहती नदी भी मैं आज से तुम औरतों के हवाले कर रहा हूँ यह बहती नदी भी मैं आज से तुम औरतों के हवाले कर रहा हूँ
यह एक चिराग था यह कोई मामूली चिराग नहीं था । यह एक चिराग था यह कोई मामूली चिराग नहीं था ।
Cgf Cgf
एक क्षण भर के प्यार के सपने से मुक्त होकर खोज चुकी थी। एक क्षण भर के प्यार के सपने से मुक्त होकर खोज चुकी थी।
क्यों खामोश बैठे हो वार करोगे क्या ? मेरे भरोसे को तार-तार करोगे क्या? क्यों खामोश बैठे हो वार करोगे क्या ? मेरे भरोसे को तार-तार करोगे क्या?