STORYMIRROR

ashok kumar bhatnagar

Classics Inspirational

4  

ashok kumar bhatnagar

Classics Inspirational

तू है सुकून

तू है सुकून

2 mins
324

जब रात की गहराई से चाँदनी बिखरे,

तब तू हैं सुकून, जीवन की मिठास संग बिताए।


जब हवा में बसे खुशबू का जादू छाए,

तब तू हैं सुकून, दिल की धड़कनों को बहलाए।


जब बहते पानी की लहरें खिले,

तब तू हैं सुकून, जीवन के संग नाचे और खिलें।


जब प्रकृति की सुन्दरता में बसे शांति की बातें,

तब तू हैं सुकून, सब कुछ संगीन और खास बनाते।


जब चिरपिंग पक्षियों की गायन सुने,

तब तू हैं सुकून, जीवन की राह में जोड़ी सुनाते।


तू हैं सुकून, जीवन की सबसे प्रिय खोज,

तेरी मिठास से सजती हैं हर रोज़।


चाँदनी की किरने, हवा की सीतारें,

जीवन की गहराईयों में छुपा सुकून।


वही शांति, वही चैतन्य, वही आत्मा की गहराई,

तू हैं सुकून, सब कुछ हैं तेरी अद्भुताई।


प्रकृति की सुन्दरता में बसा, खुद का सजीव रूप,

तू हैं सुकून, जीवन की सबसे महत्वपूर्ण धारा का रूप।


रात की शांति, सुबह की प्रेम कहानी,

तू हैं सुकून, हर दिल में बसी अनमोल जवानी।


जीवन के सभी रंगों में, छुपा ,

तू हैं सुकून, तब तू हैं सुकून,।


सुकून की तलाश में हर कोई पागल,

तू हैं सुकून, जिंदगी की खोज में सबसे अनमोल उत्तर।


जब रात की घटाएं सांझा करती हैं सजावट,

तब तू हैं सुकून, जीवन की मिठास और राहत।


हवा की लहरों में बसी खुशबू सीतारों की,

तू हैं सुकून, चाँदनी की चमक और प्यार की कहानी।


प्रकृति की सुंदरता में बसी हर कला की मिसाल,

तू हैं सुकून, जीवन की सबसे बड़ी और महत्वपूर्ण सजीवता।


जब दिल की धड़कनों में गूंजती हैं ख्वाहिशें,

तब तू हैं सुकून, मन की गहराईयों में छुपी खुशियाँ और चाहत।


तू हैं सुकून, जिसमें छुपी हैं सभी खुशियाँ,

तेरी मिठास से सजती हैं हर रोज़ जिंदगी की कहानियाँ।


चाँदनी की चादर में सजीव हो जाती है रात,

तू हैं सुकून, जिंदगी की मिठास और प्यार की बात।


जब हवा भी थम जाए, और सब कुछ चुप हो जाए,

तब तू हैं सुकून, दिल की गहराईयों में बसी चाहत की बरसात।


प्रकृति की सौंदर्य में बसा, एक ख्वाब सी हँसी,

तू हैं सुकून, जीवन की सबसे खास पहचान और सही सिखाई।


जब मन की गहराईयों में छुपी हैं अज्ञात सोच,

तब तू हैं सुकून, सबसे महत्वपूर्ण विचारों की कहानी और रात्रि की धारा।


तू हैं सुकून, जब हूँ मैं एक मिश्रण चिन्हित रात्रि की कहानी,

जब सब कुछ बस जाता है तेरी प्रेम कहानी की गहराईयों में,

तब हूँ मैं सबसे सुरक्षित और अद्वितीय जीवन की प्रति।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Classics