तिरंगा प्यारा
तिरंगा प्यारा
देश का अभिमान तिरंगा,
देश की अमिट पहचान तिरंगा ।
मातृभूमि का अचल सुहाग तिरंगा,
देख इसको गर्व से चौड़ी होती छाती।
मेरा तेरा हम सबका अभिमान तिरंगा पहचान तिरंगा।
आज़ादी का पर्व अलौकिक आओ मिलकर इसे मनाये,
आजादी का अमृत महोत्सव
आओ मिलकर इसे हर दिन मनाये।
घर-घर तिरंगा लहराएगा देश का गौरव गान हर दिल गाएगा।
हर दिल की जान तिरंगा,
हम सब की है जान तिरंगा
हम सबकी अमिट पहचान तिरंगा।
वीरों का श्रृंगार तिरंगा, अभिमान तिरंगा।
तन से, धन से, मन से आओ करें,
राष्ट्र आराधना हो लक्ष्य यही परम हर जन का।
उन्नत बने, शिखर चूमें ,हर क्षेत्र में देश हमारा प्यारा ।
हम सबके सपनों का भारत
आओ मिलकर इसे साकार करें ।
तिरंगे के रंगों से हम मिल जाए,
शौर्य, समृद्धि, त्याग, शांति अखण्ड दीप जलाए।
हर शिशु के सर पर हो छत,
हर बच्चा विद्यालय जाए।
आओ मिलकर इसको सच कर दिखलाएं।
हम स्वयं ही मानदंड
निर्धारित कर कठोरता से निज पालन करें।
बन के उदाहरण चंदा से चमके।
आजादी का अमृत महोत्सव बस आयोजन बन के ना रह जाए ,
आओ मिलकर इसको सही अर्थों में मनाए
देश हमारा सबसे प्यारा, देश हमारा सबसे न्यारा
देश को रखना सर्वोपरि निज हित को त्याग।
आओ संकल्प नए करें।
नव सृजन, नव गीत लिखे, भारत महान का।
