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Abdul Rahman Bandvi

Romance

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Abdul Rahman Bandvi

Romance

तेरे साथ सफर

तेरे साथ सफर

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प्यार की राह में दिए फूल को हमें है बिछाना,

साथ खाए कसमें वादे भी हमको है निभाना।


साथिया तेरे साथ ही हमको सफ़र है बिताना, 

चाहे जो कुछ भी कहता रहे हमको ये ज़माना।


हालात-ए-ज़िन्दगी से एक दूजे को है गुजरना,

ज़िन्दगी के फलसफे को अच्छे से है समझना।


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