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Ervivek kumar Maurya

Romance

3  

Ervivek kumar Maurya

Romance

तेरा हो गया हूँ

तेरा हो गया हूँ

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जबसे मिला हूँ तेरा हो गया हूँ

तेरी ही यादों में उलझ सा गया हूँ

जीना भी आ गया मुझको

तेरे ख्यालों में अब खो सा गया हूँ

जबसे मिला...।


मेरे साथ चल तू तो मैं संभल जाऊँगा

तू जो नही होगा तो मैं मर जाऊँगा

हो जायें सब पराये तो मुझे कोई गम न होगा

तेरे अपनेपन से मैं और खिल सा गया हूँ

जबसे मिला....।


तेरी बाँहों में बीती रातें बड़ी ही हसीं थी

तेरे सुर्ख होठों पे एक प्यारी सी नमीं थी

तूने निगाहों से सारी बातें बयां जो करी थीं

 ऐसा लगा तब तेरा आशिक हो गया हूँ

जबसे मिला....।


मुझे तू सहारा दे तो किनारा मिल जाये

मुझे तू उजाला दे तो अँधियारा मिट जाये

तेरे प्यार से रोशन हो गया दिल ये मेरा

खुद ही मैं तेरे खातिर एक आशियाँ बन गया हूँ

जबसे मिला...।


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