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yash tandel

Romance Tragedy

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yash tandel

Romance Tragedy

तड़प

तड़प

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तड़प न सही जाए उस शफकत की,

जिसके साथ हमने उल्फत की।


अहमक थे हम जो उसे दिल दे बैठे 

उसने तो सिर्फ हमारे साथ शरारत की।


एक मर्तबा हम-नफस थी वो हमारी

जिसने आज हमसे रुखसत की।


तालिब था उसका मैं और वो मेरा हबीब,

लेकिन अब गुजिस्ता है वो जिसके साथ हमने मोहब्बत की।


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