STORYMIRROR

GAUTAM "रवि"

Abstract Classics Inspirational

2  

GAUTAM "रवि"

Abstract Classics Inspirational

"समंदर"

"समंदर"

1 min
200

खुद को संभालने की, खुद को समझने की,

खुद को बेहतर बनाने की जद्दोजहद में हूँ, 


समेटे हुए सैलाब सीने में खामोश सा,

रात के समंदर सा शांत, मैं अपनी हद में हूँ।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract