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Suresh Koundal 'Shreyas'

Romance

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Suresh Koundal 'Shreyas'

Romance

"सच्ची मुहब्बत "

"सच्ची मुहब्बत "

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समेटता हूँ मैं तेरे हुस्न को 

इस कदर इन अल्फाजों में ।

मयखाना समेटना चाहे ज्यों ,

कोई शराबी चंद पैमानों में।।


बस गया है तू इस कदर,

मेरे ख्वाबों में,ख्यालों में ।

मदहोशियाँ बसती हैं ज्यों,

इन शराब के प्यालों में।।


तेरी चाहतें जगमगाएं ज्यों,

इस कदर मेरे दिल के अरमानों में ।

ये चांद ये सितारे जगमगाएँ ज्यों,

इन नीले - नीले आसमानों में ।।


हुए शुमार इस कदर हम,

मुहब्बत के दीवानों में ।

हुए फ़ना तो शामिल होंगे ,

सच्चे इश्क के अफसानों में ।।


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