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Gaurav Shrivastav

Tragedy

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Gaurav Shrivastav

Tragedy

प्रस्ताव

प्रस्ताव

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राजमार्ग को चौड़ा करने को

प्रस्ताव बनाया है,

देखो आज मानवता नष्ट करने

का विचार आया है,

मानव खुद मानव को संकट में

डालने का प्रस्ताव लाया है,

राजमार्ग को चौड़ा करने को

प्रस्ताव बनाया है,


जिनसे है श्वास, जिनके है प्राण,

उन्ही को हटाने को प्रस्ताव

आया है,

राजमार्ग को चौड़ा करने को

प्रस्ताव बनाया है,


ना मांगे वो पैसा, ना सोना चाँदी,

क्यो फिर उन्हें लुप्त करने का

प्रस्ताव आया है,

राजमार्ग को चौड़ा करने को

प्रस्ताव बनाया है,


सोच लो, जीवन के बदले जीवन,

उन्होंने भी ये प्रस्ताव बनाया है,

राजमार्ग को चौड़ा करने को

प्रस्ताव बनाया है,


अरे अभी तो 'अमेजोन' चेतावनी

दी थी उसने,

फिर क्यो ये बेतुका बेमतलब का

प्रस्ताव आया है,

राजमार्ग को चौड़ा करने को

प्रस्ताव बनाया है,


रोक लो, अब तुम खुद को,

क्यो सृष्टि के विनाश को

प्रस्ताव लाए हो,

आखिर क्यो राजमार्ग को चौड़ा

करने को प्रस्ताव बनाए हो?


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