पेपर लीक होने का दर्द
पेपर लीक होने का दर्द
वर्षों के तैयारी के साथ
पेपर देने जाते है
ढेरों सारी खुशियाँ लिए
पेपर देने जाते है
मात पिता के मंसूबे को
पूरा करने को तैयारियाँ है करते
रात दिन जागकर है पढ़ते रहते।
जब पेपर लीक होने की खबर आई।
हम सब कि आंखें भर आईं।
हमारे समय के पहले घर आने पर,
सबके मन में आशंका सी समाई।
पेपर लीक होने कि खबर सुन,
मात पिता कि आंखें भर जाते है
वर्षों के तैयारी के साथ
पेपर देने जाते है।
जो करते है पेपर लीक
क्या शर्म नहीं आती उनको
विद्यार्थी के साथ धोखाधड़ी करने में
क्या दिल साथ देता उनको
जमीर कैसे देता साथ उनका
विद्यार्थी जीवन याद आता नहीं उनको
इतना कुकर्म करके घर कैसे जाते है
वर्षों की तैयारी के साथ
विद्यार्थी पेपर देने जाते है।
ऐसे में कैसे उनका करियर आगे बढ़ेगा
ऐसे में कैसे विद्यार्थी का मनोबल बढ़ेगा
कब तक चलेगा भ्रष्टाचार का रेल
कब होगा भ्रष्टाचारियों को जेल
उनके कुकर्मों पे हमें शर्म आते है
चंद पैसे के खातिर अपना जमीर बेच जाते है
लाखों विद्यार्थियों का जीवन बर्बाद कर जाते है
वर्षों की तैयारी के साथ, विद्यार्थी पेपर देने जाते है।
कड़ा कानून बनाना होगा
ऐसे लोगों को उम्र कैद होना होगा
तब जाकर ये कुकर्मी सुधरेंगे
तब जेपीएससी, यूपीएससी ,बीपीएससी
करियर बन पाएगा अभ्यर्थियों का
मनोबल ऊंचा हो जायेगा अभ्यर्थियों का
बच्चों की सफलता से माता पिता
दिल से खुश हो पाते है
वर्षों की तैयारी साथ,
विद्यार्थी पेपर देने जाते है।
