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Tripti Dhawan

Drama

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Tripti Dhawan

Drama

मसाले जीवन के

मसाले जीवन के

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नमक, मिर्च, मसाले सी है जिंदगी,

कभी पड़े तो चटखारा,

ज्यादा हो जाये तो हाय तौबा


न हो ये तो स्वाद न आये ,

रूखापन सा लगता जाए,


जब पड़े कहीं थोड़ा सा छौंक

तो जीवन की मेहनत भी महक सी जाए


कभी मिर्च के लाल रंग सा ,

दही बड़े पर ज्यूँ हो जरूरी


वैसी ही कोई बात लगे तब,

कुछ करने का जज़्बा आये


यही मसाले जीवन जैसे

जीवन में घुल कर स्वाद ले आये।


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