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Nitu Rathore Rathore

Romance

4  

Nitu Rathore Rathore

Romance

****मन मे धड़कन****

****मन मे धड़कन****

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जब भी जी चाहें सनम मेरे लिए मुस्कुरा देना तुम

जिंदगी आज तो अपनी हम पे ही लुटा देना तुम।


आएगी जब भी खुशियां साथ गम भी आएंगे ही

तो मोहब्ब्त से ही उनको भी जरा सजा देना तुम।


भूल कर भी जो भुला न पाओगे ऐसा नशा हूँ 

कुछ अदाओं को नशेमन आज ही बना देना तुम।


मुझ पे ठहरी जो नजर नियत तेरी डोली तो होगी

ख़्वाब में आज कोई भी गुल ना खिला देना तुम।


मन में धड़कन की तरह "नीतू" समा जायेगी जब

बन्द पलकों में भरी चाहत ही सनम बिछा देना तुम।



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