STORYMIRROR

THE SHALINEE

Tragedy

4  

THE SHALINEE

Tragedy

महोब्बत है

महोब्बत है

1 min
298

तेरे होने से अब 

मुझे महोब्बत है

तुझमे खोने से

मुझे महोब्बत है


कयामत से कयामत

तक रहेगा हमारा इश्क

मुझे इस ख्याल के होने

से महोब्बत है


बस तेरी खुशियों तक ही

नही है मेरा ये प्रेम

मुझे तेरे दर्द से महोब्बत है

तुझे पा लेना ही चाहत नहीं

मेरे इस पागल दिल की


मुझे तेरे इन्तजार से महोब्बत है

हर लम्हे में शामिल हो मेरे तुम

मुझे उस लम्हे से महोब्बत है

मेरी कविताओ में अक्सर

नजर आते हो सिर्फ तुम

मुझे अल्फाजों से महोब्बत है।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Tragedy