STORYMIRROR

Pinky Dubey

Classics Inspirational Children

4  

Pinky Dubey

Classics Inspirational Children

मेरी माँ

मेरी माँ

1 min
563

मेरी तकलीफ में मुझसे ज्यादा मेंरी माँ ने रोया है

कभी दवा के पैसे न होने पर सीने से लगाकर

छुप छुप कर रोया है

खिला के मुझे बर पेट खुद भूखा सोया है

मेंरे गिरने पर मुझे सबाला है


माँ ने कभी खिलौनों से खिलाया है

तो कभी आँचल से छुपाया है

गलतियाँ करने पर भी माँ ने मुझे सीने से गले लगाया है

माँ ने मुझे इस दुनिया की ठोकरों से बचाया है

मैंने माँ का दिल तोड़ा फिर भी माँ ने मुझे अपनाया है।


मेरी माँ ने मुझे गिरकर फिर उठना सिखाया है

मेरी माँ में मुझे जन्नत नज़र आती है

अगर भगवान है तोह वोह मेंरी माँ है

जिसने इस धरती पर अपने बच्चे की हर गलती पर भी

उसको माफ़ कर सीने से लगाया है।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Classics