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Dhanjibhai gadhiya "murali"

Drama Romance

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Dhanjibhai gadhiya "murali"

Drama Romance

मैं और तू

मैं और तू

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तू मुझे चाहे, मैं तुझे चाहूँ,

क्यूं डरती है दुनिया से?

तेरा मेरा रिश्ता, सदियों पुराना,

क्यूं रहती है तू दूर मुझ से?


मैं हूँ तेरे प्यार सागर,

तू है मेरी प्यार की सरिता, 

फ़िर भी मिलन करती नहीं तू मुझ से, 

दिल में रहती है तस्वीर तेरी,

क्यूं रहती है तू दूर मुझ से?


मैं हूँ तेरे दिल की धड़कन,

तू है मेरी सांसों की सरगम,

फ़िर भी ताल मिलाती नहीं तू मुझ से, 

नाम पुकारूँ मैं हर पल तेरा,

क्यूं रहती है तू दूर मुजसे?


तेरे बिना मैं हूँ अधूरा,

मेरे बिना तू है अधूरी,

"मुरली" नजर मिलाती नहीं तू मुझ से,

तुझ को मेरे दिल में समाऊँ मैं,

क्यूं रहती है तू दूर मुझ से?



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