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Akanksha Gupta

Abstract

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Akanksha Gupta

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क्या तुम वही हो

क्या तुम वही हो

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कभी किया था जिससे

मैंने प्यार क्या तुम वही हो


कभी किया था जिसने इंकार

क्या तुम वहीं हो


मेरे दिल के आईने में

जिसकी सूरत क्या तुम वही हो


जिसका प्यार हुआ है दागदार

क्या तुम वहीं हो


इस दुुनिया के आगे हार गए थे

तुम क्या तुम वही हो।


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