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Sneha Dhanodkar

Tragedy Crime

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Sneha Dhanodkar

Tragedy Crime

कैद मे है जिंदगी

कैद मे है जिंदगी

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एक छोटे से वायरस ने, 

यूँ कर दी तालाबंदी है..  

समझौते सँग सब जी रहे.. 

क्योंकि, कैद में जिंदगी है...  

न होता लड़ाई झगड़ा है, 

न कहीं हुई दरिंदगी है.. 

कम हुई हैवानियत भी, 

क्यूंकि, कैद में जिंदगी है..  

धरती माता स्वच्छ हुई, 

 गंगा में अब न गंदगी है... 

साफ सी हो गयी हवा भी, 

क्योंकि, कैद में जिंदगी है.. 

खुदा तेरा ही सहारा है अब, 

बस तेरी ही बंदगी है... 

फिर से मुस्कुराएगा ये जहान, 

अभी तो कैद में जिंदगी है....।


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