manasvi poyamkar
Fantasy
मेरी जीतने की तलब कुछ ऐसी थी
के जब माँ के आँचल में
कोई इनाम नजर ना आया
तो मैंने उसका भी साथ छोड़ दिया।
पूरी हसरत
आशिक आवारा
बेवफाई.
जीत या हार
खुदाई इश्क़ की
सहारा
मेरा दिल
विरान सा दिल....
मतलब
पायल की छनक
कभी मिट्टी कभी कंचन क्या-क्या होती है स्त्रियाँ। कभी मिट्टी कभी कंचन क्या-क्या होती है स्त्रियाँ।
कुछ और पाने की अब भी इस दिल में एक तपिश सी है। कुछ और पाने की अब भी इस दिल में एक तपिश सी है।
राधा कृष्ण की तरह एक दूजे में समाहित प्रीत है कुछ ऐसा ! राधा कृष्ण की तरह एक दूजे में समाहित प्रीत है कुछ ऐसा !
सम्मान को ठेस न लगने दें, ना कभी संबंधों का उपहास करे। सम्मान को ठेस न लगने दें, ना कभी संबंधों का उपहास करे।
हे प्रभु सन्मति और सद्मार्ग दे जीवन को बनाना आप ही विशेष। हे प्रभु सन्मति और सद्मार्ग दे जीवन को बनाना आप ही विशेष।
अब तो दर्श दिखा दो कान्हा बैठे क्यों तुम दृग मींचे ?।। अब तो दर्श दिखा दो कान्हा बैठे क्यों तुम दृग मींचे ?।।
साथ साथ दो बच्चों को पालनाउनको सबसे अलग बनाता है। साथ साथ दो बच्चों को पालनाउनको सबसे अलग बनाता है।
कर प्रणाम उनको सदा, मिले सभी आशीष। महिमा अपार मात की, नित्य झुकाऊँ शीश।। कर प्रणाम उनको सदा, मिले सभी आशीष। महिमा अपार मात की, नित्य झुकाऊँ शीश।।
वाद्ययंत्र संगीत बढ़ाता भारतीय संस्कृति का मान है। वाद्ययंत्र संगीत बढ़ाता भारतीय संस्कृति का मान है।
उन बुलंद ऊंचाइयों को गले लगाते चल पड़े। उन बुलंद ऊंचाइयों को गले लगाते चल पड़े।
मगर देख कर तटस्थ इसे, रुख बदल चले किसी और शहर। मगर देख कर तटस्थ इसे, रुख बदल चले किसी और शहर।
महक उठेगा तुम्हारी सुगंध से, जैसे महकता उपवन। महक उठेगा तुम्हारी सुगंध से, जैसे महकता उपवन।
जब कभी प्रेमी जोड़े मिलेंगे। उनके शब्दों में मेरा संस्कार होगा। जब कभी प्रेमी जोड़े मिलेंगे। उनके शब्दों में मेरा संस्कार होगा।
शहर वालों को अमीरी चाहिए मैं अमीर बना फ़क़त तेरे लिए शहर वालों को अमीरी चाहिए मैं अमीर बना फ़क़त तेरे लिए
उसे पढ़कर पिता तसल्ली पाता, माता दुआ मांगती। उसे पढ़कर पिता तसल्ली पाता, माता दुआ मांगती।
शक्तिमान व्यक्ति हो तुम, सहनता की सही अर्थ हो तुम, होशियारी की प्रति छाया हो। शक्तिमान व्यक्ति हो तुम, सहनता की सही अर्थ हो तुम, होशियारी की प्रति छाया ...
क़िताबों से मनोरंजन पाकर मेरा तन और मन खिले। क़िताबों से मनोरंजन पाकर मेरा तन और मन खिले।
स्नेह कर आता मुझे तेवर। क्या सखि साजन ? ना सखि ज़ेवर। स्नेह कर आता मुझे तेवर। क्या सखि साजन ? ना सखि ज़ेवर।
मेरी बेहाल ज़िंदगी में अपने हाल से मेरा हाल मिला दो। मेरी बेहाल ज़िंदगी में अपने हाल से मेरा हाल मिला दो।
बहुत से तारे चमकें चाँद का यौवन लगे नया सावन। बहुत से तारे चमकें चाँद का यौवन लगे नया सावन।