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Nalanda Satish

Drama

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Nalanda Satish

Drama

हत्यारे

हत्यारे

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करनेसे किसीका खून या हत्या

कोई हत्यारा नहीं हो जाता

हत्यारों की नस्ले है बहुत

रंगेहाथ पकड़ने से कोई चोर नहीं होता


हत्या जीवो की होती हैं

हत्या विचारो की होती हैं

हत्या भावनाओ की भी होती हैं

हत्या इंसानियत की होती है


हत्या विश्वास की भी होती हैं

पीठ में खंजर घोपने वाले भी होते हैं हत्यारे

मन को कलुषित कर

जहर घोलने वाले भी होते हैं हत्यारे


शरीर रहता है जिंदा

आत्मा के भी होते हैं हत्यारे

दिलो को जुदा करने वाले

प्यार के रिश्तों के होते है हत्यारे


किसिकीे ख्वाहिशों के हत्यारे

किसी की इच्छाओं के हत्यारे

किसी की चैन ए सुकून के हत्यारे

किसी के दिमाग पर छाए रहते हत्यारे


जानबूझकर नहीं बनते हैं कोई हत्यारे

विपरीत परिस्थिति होती हैं कारण

मासूम हृदय पर होते जब वार

विद्रोही हो जाता है आचरण


हत्यारे भी होते है संवेदनशील

प्यार और इज्जत के भूखे

करो ना किसी को भी इतना जलील

की बिगड़ जाए उसकी दिमागी तबीयत।


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