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Vaishnavi Mohan Puranik

Romance

3  

Vaishnavi Mohan Puranik

Romance

घनाक्षरी

घनाक्षरी

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पल ये है लाजवाब, लगता है कोई ख्वाब,

मिल गई खुशियां है, हमको ये आज तो।

प्रेम की मधुर तान, छेड़े जब गीत कार,

हमराही सुनो मेरे, प्यार भरा साज तो।

साथ देना मेरा तुम, होना नहीं कहीं गुम,

जानते हो साथी तुम, मेरे सारे राज तो।

प्यारी प्यारी बात एक, सुनो मेरे हमराही,

तुमसे ही मेरा कल, तुमसे ही आज तो ।



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