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सोनी गुप्ता

Abstract Inspirational

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सोनी गुप्ता

Abstract Inspirational

दोस्ती

दोस्ती

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दूर क्षितिज में दिखते सुंदर इंद्रधनुषी रंग के डोरों से, 

मधुर संगीत लिए चले आना हवा के मस्त झकोरों से, 

आज भी हर लम्हों की स्मृतियाँ छन- छनकर आती हैं, 

लौटा लाओ वह सभी खुशियाँ गुजरे हसीन दौरों से , 


साथ मिलकर सपने संजोये न किया कभी अगर- मगर, 

दोस्तों संग हमने सजाया था एक सुंदर सपनों का नगर, 

कभी हौसला नहीं टूटने दिया हमेशा साथ निभाया तुमने, 

हंसते गाते दोस्तों संग कट रहा था ये जिंदगी का सफर, 


जीवन के सागर में चलो फिर से मिलकर गोते लगाते हैं, 

गमों-ओ- खुशी के लहरों पर फिर से हिचकोले खाते हैं, 

जाने क्या- क्या राज छिपे हैं हमारी और तुम्हारी दोस्ती में, 

आओ मिलकर एक बार आज पूरे संसार को हम बताते हैं, 


चलो समेट लें हम उन सभी प्यारी- प्यारी सी यादों को, 

गाते और गुनगुनाते दुगना कर दें फिर से उन खुशियों को, 

माना आज घनघोर अंधेरा है कहीं तो किनारा मिलेगा हमें, 

फिर बनेगी नई कहानी तब तक मचलने दो इन लहरों को, 


खटास दरकिनार कर अब इस रिश्ते में मिठास घोल दो , 

काफी समय हुआ दूर हुए कब आओगे अब तो बोल दो, 

दोस्ती की एक नई मिसाल बन कर फिर से साथ चलें, 

हमारे बीच जो भी गिले शिकवे हैं आज वो सभी छोड़ दो I



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