STORYMIRROR

Arunima Thakur

Romance

4  

Arunima Thakur

Romance

दोस्त होने का शुक्रिया

दोस्त होने का शुक्रिया

1 min
446

          


तुम मेरे प्रिय हो,

तुम मेरी श्वास हो,

तुम मेरे सपनों का आधार हो ।


तुम मेरा संबल,

तुम ही मेरा बल,

तुम मेरा आत्मसम्मान हो।


तुम भाई की तरह

मेरी सुरक्षा करते हो,

पिता की तरह हर पल

मेरा दामन खुशियों से भरते हो ।


माँ की तरह मेरे लिए चिंता करते हो

बहन की तरह अधिकार जताते हो,

मेरी चीजों में हिस्सेदारी बटाते हो ।


सिर्फ अकेले तुम,

तुम मेरा पूरा परिवार हो I

तुम हो तो मैं संपूर्ण हूँ।


तुमसे ही नारित्व का एहसास है

मातृत्व का अभिमान है।


तुम मेरी बिछिया,

तुम मेरी चूड़ी,

तुम मेरी माँग का श्रृंगार हो।


तुम मेरी दुनिया ,

तुम ही मेरा मायका,

तुम ही मेरी ससुराल हो ।


पर इन सब से भी बढ़कर

ए मेरे हमकदम, मेरे हमसफर,


शुक्रिया, धन्यवाद, आभार,

कि तुम मेरे दोस्त हो।


क्योंकि दोस्ती से बढ़कर

पवित्र और सम्पूर्ण रिश्ता

कोई हो ही नहीं सकता।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance