STORYMIRROR

Pratibha Jain

Romance

2  

Pratibha Jain

Romance

चिट्ठी

चिट्ठी

1 min
66

ग़ज़ल लिखूं, शायरी लिखूं,

जो भी लिखूं तुझ पर लिखूं,

चाँद से मुखड़े पर सुरीले होंठ,

दिन लिखूं या रात लिखूं।

चिट्ठी लिखो पता सही न लिखूं

जवाब लिखूं तो किसे लिखूं

गर मोहब्बत इशारों में

तो नाम किसका लिखूं



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance