STORYMIRROR

Chandresh Kumar Chhatlani

Comedy

4  

Chandresh Kumar Chhatlani

Comedy

चार बोतल वोदका : हनी सिंह को समर्पित

चार बोतल वोदका : हनी सिंह को समर्पित

2 mins
224

चार बोतल वोदका

करना है एक टोटका

ना मुझको दे धोखे

जो देगा वो रोयेगा


मैं रहूँ सारी रात भूतों के साथ

दारु पिलायूं लगातार

एक आधी सब पी लेते हैं

भूत पिये बोतल चार


चार बोतल वोदका

करना है एक टोटका

ना मुझको दे धोखे

जो देगा वो रोयेगा

आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट

आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट

आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट

आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट


चार बोतल वोदका

करना है एक टोटका

ना मुझको दे धोखे

जो देगा वो रोयेगा


सारी रात दारु , सुबह निम्बू मिर्ची

तंत्र करने वालों की मूंछ न हो नीची

खोपड़ी भर के जितनी भी पी लो

किसी के मुर्दे को भी हर्र लो

हेल्लो घोस्ट हाउ डू यू डू ?

निकाल दे सबका सू सू 

पता नि मुझे यह समझ नि आता


मेरे साथ कभी कोई शमशान नहीं आता

आये तो सू सू निकल है जाता

मैं ज़रा सा मन्त्र जो पढूं

फिर कोई मुंह नि लगाता

क्यूँ कि , क्यूँ कि , क्यूँ कि , क्यूँ कि

चार बोतल वोदका

करना है एक टोटका

ना मुझको दे धोखे

जो देगा वो रोयेगा


सूजी -सूजी आँखें मेरी यह फिर भी देखो

लाशों को कैसे यह निहारें [निहारें ..]

अगले दिन तो झूमे

हर मुर्दे का फिर भी देखो

लीवर उसका वोडका पुकारे

क्यूँ कि ???


चार बोतल वोदका

करना है एक टोटका

ना मुझको दे धोखे

जो देगा वो रोयेगा


चार बोतल वोदका [आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट]

चार बोतल वोदका [आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट]

चार बोतल वोदका [आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट]

चार बोतल वोदका [आई वाना हैंग अ लाश टुनाइट]


चार बोतल वोदका

करना है एक टोटका

ना मुझको दे धोखे

जो देगा वो रोयेगा


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Comedy