STORYMIRROR

अब खो चुके हो हमे ...!

अब खो चुके हो हमे ...!

1 min
516


अब खो चुके हो हमें

वापस पाने की आश भी मत रखना..

फिर से गिड़गिड़ा कर रोयेंगे

पाने को तुम्हे ऐसे कोई ख़्वाब भी मतर रखना...

निकल चुके है ज़िन्दगी को आगे लिए उन बेवफ़ा जंगलो से

अब अगर कोई सियार भी आ जाए सामने

तो इस शेर के आने का इन्तज़ार मत रखना..


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama