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Shyam Kunvar Bharti

Drama

3  

Shyam Kunvar Bharti

Drama

आसमान की बुलंदी

आसमान की बुलंदी

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240

गिरा तो फिर भी उठ जाएगा

झुका नहीं तो तू टूट जाएगा

छूना है आसमान की बुलंदी

पाँव उठा तो आधार छुट जाएगा।


हारा भी तू योद्धा लड़ा तो सही

पीछे मुड़ा मुकद्दर रूठ जाएगा

सफर क्या जिसमे आंधिया न हो

हौसला रख तू गुबार फुट जाएगा।


मांगना है हिम्मत मांगो खुदा से

मंजिल मिलेगी अंधेरा छंट जाएगा  

पाना मुकाम आसान नहीं होता

जुनून की हद रोड़ा हट जाएगा।


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