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Shubhi Agarwal

Tragedy Inspirational

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Shubhi Agarwal

Tragedy Inspirational

आज़ादी

आज़ादी

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लोगो का है कहना 

अब नारी है सही मायनों में आज़ाद

और कहने को तो, नारी ही पूजा 

बाद में सब काम दूजा 

लेकिन जब क़लम उठाने की है बारी आती 

तब खेलते है, सब अपने तानों की पारी।


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