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Divyanjli Verma

Romance

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Divyanjli Verma

Romance

1- मै,तुम और हम

1- मै,तुम और हम

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मैं ही मैं थी तुम्हारे आने से पहले, 

मै ही मैं थी तुम्हे अपना बनाने से पहले,

मैं ही मैं थी तुम्हारी हो जाने से पहले,

फिर आए तुम जब उस दिन,

हम ही हम हो गए तुम्हारे आने के बाद,


हम ही हम हो गए तुम्हे अपना बनाने के बाद,

हम ही हम हो गए जिंदगी भर साथ।

अब कोई बात नही होती ऐसी मेरी,

जिसमे तुम न हो,


सुबह नहीं होती न शाम ऐसी,

जिसमे मैं, तुम और हम न हो।

न होती है कोई बरसात ऐसी,

जिसमे भीगे साथ हम न हो।


मैं ही मैं थी तुम्हारे आने से पहले,

अब हम ही हम पहली बारिश में साथ।


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