Quotes New

Audio

Forum

Read

Contests


Write

Sign in
Wohoo!,
Dear user,
एक सलाम सैनिकों के नाम
एक सलाम सैनिकों के नाम
★★★★★

© Vikash Kumar

Drama Inspirational

1 Minutes   7.0K    22


Content Ranking

वह निकल पड़े थे वीर बड़े

भारत माता के सिपाही थे।

कारगिल विजय की गाथा के,

वह आल्हा ऊदल से भाई थे।


लहू से विजय के दीप जलाते,

शत्रु के घर, शत्रु को सुलाते।

वह घन घन घोर घटा से छाये,

बिजली से कड़के शत्रु भरमाये।


रणचण्डी सम जब कालमुख खोले,

अवनी पर शत्रु के रण्ड मुण्ड डोले।

नहीं रुकते वीर, समर था प्रबल,

ऊंचे पर शत्रु फिर भी था विकल।


झट उड़े चोटी पर अरिहंत बने,

पल में शत्रु सब निर्जीव करे।

दस दस को एक ने मारा था,

ऐसा प्रताप तुम्हारा था।

Poem Soldier Army India Indian Army

Rate the content


Originality
Flow
Language
Cover design

Comments

Post

Some text some message..