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Sachin Tiwari

Action Inspirational

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Sachin Tiwari

Action Inspirational

वृक्षारोपण

वृक्षारोपण

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 सौंप दिया उसे मैंने, प्यार से माँ की गोद में,

अब उसे पल पल, बस बढ़ते देखना चाहता हूँ।

एक प्यारा एहसास है, जो बयां न होगा मुझसे कि,

शाख पर शाख अब, बस चढ़ते देखना चाहता हूँ।


उसके छोटे-छोटे पत्तों की चमक में,

अपनी उमंगों को उमड़ते देखना चाहता हूं 

उसकी परवरिश में अपने दिल को लगाकर,

उसे हर अवस्था से, गुजरते देखना चाहता हूँ।

सौंप दिया उसे मैंने, प्यार से माँ की गोद में,

अब उसे पल पल, बस बढ़ते देखना चाहता हूँ।


नाजुक है अभी वो, उसे सहारे की जरूरत है 

जड़ों को, मैं जमीन पकड़ते देखना चाहता हूं 

उसके संग हर पल को जीते हुए, मैं उन्हें अब 

हर मुश्किल से, बस लड़ते देखना चाहता हूं 


उसकी हर एक प्रगति में, मेरा सपना साकार है,

उसके सजदे में , मैं खुद को झुकाना चाहता हूं 

उसके हर एक संघर्ष में, मेरा दिल भी शामिल है।

उसके भविष्य में, अपना अक्स देखना चाहता हूं 


सौंप दिया उसे मैंने, प्यार से माँ की गोद में,

अब उसे पल पल, बस बढ़ते देखना चाहता हूँ।



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