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Kawaljeet GILL

Abstract Romance Others

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Kawaljeet GILL

Abstract Romance Others

तुम्हारे साथ चलना

तुम्हारे साथ चलना

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तुम्हारे साथ चलना हर पल चलते रहना 

ये मेरा वो ख्वाब है जो पूरा तो होगा एक रोज,

अब तो सिर्फ तुम मेरी परछाइयों में मेरे संग हो,

मेरे दिल में धड़कते हो मेरी सांसे बनकर,


मैं कैसे कह दूँ की तुम मेरे साथ साथ नहीं चलते,

मेरे ख्वाबों की दुनिया तेरे संग है बसी हुई,

हर पल हर घड़ी हम हर कदम पर साथ साथ है,

मुझसे जुदा नहीं तू मेरी जिंदगी का हिस्सा है तू,


मजबूरियों से भरी है तेरी मेरी जिंदगी,

गर जुदा जुदा एक दूजे से है हम तो ये है हमारे फैसले,

फासले हम ने खुद चुने थे कभी अपने अपने फ़र्ज़ की खातिर,

एक रोज ये फासले खत्म हो ही जायेंगे और हम तुम तुम हम,

दो जिस्म एक जान हो ही जायेंगे।


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